Детали книги
Формат
Kindle
Страницы
178
Язык
Хинди
Опубликовано
Feb 15, 2019
Издатель
Sooraj Pocket Books
Описание
रामीज मिस्र का एक ऐसा फिराओन है, जो अपने क्रूर और ज़ालिम कार्यों के लिए जाना जाता है। उसके शासन के दौरान, उसके परिवार ने मूसा के पवित्र उद्देश्यों को नष्ट करने के लिए कई घिनौने कृत्य किए। यह कहानी उन संघर्षों और बलिदानों को उजागर करती है, जो इस कुख्यात फिराओन की तंग परछाइयों में छिपे हुए हैं।
पार्शुराम शर्मा ने इस ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के माध्यम से रामीज के चरित्र को जीवंत किया है, जो घृणा और आतंक के प्रतीक के रूप में उभरा है। उसकी कथानक में एक तरफ राजसी वैभव है, तो दूसरी तरफ मानवता के प्रति क्रूरता। यह पुस्तक नहीं केवल एक शासक की कहानी है, बल्कि यह उस युग की भावनाओं और संघर्षों का भी चित्रण करती है, जिसमें अच्छाई और बुराई का संग्राम चलता है।
इस कृति में पाठक रामीज के अर्थ की गहराई में उतरेंगे, जहां वह अपने परिवार और साम्राज्य को बचाने के लिए कुछ भी कर गुजरने को तैयार है। यह कहानी दिखाती है कि किस प्रकार उत्पीड़न और अन्याय के समानांतर, मानवता की इच्छा और संघर्ष जीवित रहते हैं, और अंततः सच्चाई की विजय होती है।
पार्शुराम शर्मा ने इस ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के माध्यम से रामीज के चरित्र को जीवंत किया है, जो घृणा और आतंक के प्रतीक के रूप में उभरा है। उसकी कथानक में एक तरफ राजसी वैभव है, तो दूसरी तरफ मानवता के प्रति क्रूरता। यह पुस्तक नहीं केवल एक शासक की कहानी है, बल्कि यह उस युग की भावनाओं और संघर्षों का भी चित्रण करती है, जिसमें अच्छाई और बुराई का संग्राम चलता है।
इस कृति में पाठक रामीज के अर्थ की गहराई में उतरेंगे, जहां वह अपने परिवार और साम्राज्य को बचाने के लिए कुछ भी कर गुजरने को तैयार है। यह कहानी दिखाती है कि किस प्रकार उत्पीड़न और अन्याय के समानांतर, मानवता की इच्छा और संघर्ष जीवित रहते हैं, और अंततः सच्चाई की विजय होती है।